सारण में रिविलगंज बाइपास के रूप में छपरा से मुहम्मदपुर तक एक महत्वपूर्ण सड़क के संरेखन की मंजूरी दी गई है। इस संदर्भ में केंद्रीय परिवहन मंत्रालय के मुख्य अभियंता सह क्षेत्रीय अधिकारी के कार्यालय से आरओ पटना के अधीक्षण अभियंता द्वारा विशेष सचिव, सड़क निर्माण विभाग, बिहार सरकार को पत्र जारी किया गया है।
परिवहन मंत्रालय द्वारा शीघ्र राज्य सरकार से संरेखन के संदर्भ में जिला स्तर पर बैठक आयोजित कर सार्वजनिक परामर्श लेने और उसके अनुमोदन के लिए मंत्रालय को अपनी सहमति देने का आग्रह किया है। इसकी जानकारी देते हुए सांसद राजीव प्रताप रूडी ने कहा कि शोर से राजनीति और जनहित के कार्य नहीं होते बल्कि धरातल पर वह कार्य दिखना चाहिए।
मांझी से यूपी जाने के लिए यह नया मार्ग होगा
- छपरा से मुहम्मदपुर तक बनेगा रिलिवगंज बाइपास
- 7 किलोमीटर लंबे बाइपास का सांसद ने दिया था प्रस्ताव
- राष्ट्रीय उच्च पथ संख्या 19, 85 और 101 को जोड़ेगा नया बाइपास
- योजना की लागत लगभग 75 करोड़ रुपये
- मांझी पुल से उत्तर प्रदेश जाने के लिए राष्ट्रीय उच्च पथ का होगा नया मार्ग
7 किमी लंबी यह सड़क अब सबसे महत्वपूर्ण होगी
रूडी ने बताया कि इसके प्रस्ताव केंद्रीय परिवहन मंत्रालय और बिहार सरकार को दिया था। जिसके बाद इसमें कुछ परिवर्तन हुआ। लगभग 7 किमी लंबी यह सड़क अब अत्यंत महत्वपूर्ण होगी क्योंकि यह तीन राष्ट्रीय उच्च पथों को आपस में जोड़ेगी। राष्ट्रीय उच्च पथ संख्या 19, 85 और 101 के बीच संरेखन से यह पथ इस क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हो जायेगा। पथ के निर्माण के बाद यह न केवल किसानों के लिए यातायात को सुगम बनाने के बल्कि इस बीच में पड़ने वाले कई उद्योग धंधों को भी फायदा मिलेगा और किसानों, व्यवसायियों को बेहतरीन बाजार उपलब्ध हो पायेगा।
बाइपास निर्माण के लिए सांसद तीन संरेखन का प्रस्ताव दिया गया था। जनहित में फायदेमंद इस तीसरे प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। सांसद ने सभी प्रस्तावों पर दिशा समिति की बैठक में भी चर्चा की थी। यह राष्ट्रीय उच्च पथ माझी पुल से होकर सीधा उत्तर प्रदेश को जोड़ेगा। साथ ही यह टेकनवास के पास छपरा बाइपास से भी जुडे़गा।
Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Post a Comment